किसानों
Advertisement

किसानों द्वारा नय कृषि कानून के विरोध में सरकार के सिलाफ़ अब तक प्रदर्शन जारी है, लेकिन उन्होंने अभी आम जनता को तकलीफ़ देने के लिए उनसे माफ़ी मांगी है.

किसानों

केंद्र सरकार द्वारा देश भर में लागू किए गए नय कृषि कानून के विरोध में लगभग सभी राज्यों के किसान मैदान में उतर आए है. किसान अभी तक भी दिल्ली एन सी आर की सीमाओं पर धरना जारी किए हुए है और उनका कहना है जब तक सरकार अपना ये कानून वापस नहीं लेगी तक हम अपना आन्दोलन नहीं रोकने वाले है.

Advertisement

किसानों ने देश से मांगी माफ़ी

नय कृषि कानून के विरोध प्रदर्शन के कारण भारत की आम जनता को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, इस तकलीफ़ को अब आंदोलन में उतरे किसानों के एक मोर्चे ने देश की आम जनता को समर्पित करते हुए ‘संयुक्त किसान मोर्चा’ की ओर से माफ़ी मांगी है.

‘संयुक्त किसान मोर्चा’ संगठन ने माफीनामे में कहा की “देश वासियों से उनको प्रदर्शन के कारण हो रही तकलीफ़ के लिए हम हाथ जोड़कर माफ़ी मांगते है, क्योंकि हम तो यहां मजबूरी में बैठे हैं फिर भी हमारे इस आंदोलन के कारण आपको जो तकलीफ़ हो रही है उसके लिए हम आप से हाथ जोड़कर माफ़ी मांगते हैं”.

माफ़ीनामे में अपनी मांगे भी दोहराई

‘संयुक्त किसान मोर्चा’ संगठन ने अपने इस माफीनामे पत्र में केंद्र सरकार से जो उनकी मांगे हैं उन्हें भी दोहराया, किसानों ने बताया की “ये नया कृषि कानून हमारे की सौगात नहीं सज़ा है इसलिए आप अपनी गिफ्ट अपने पास रखो क्योंकि आप यदि हमें सौगात देना भी चाहते हो तो हमारी फसलों का उचित दाम हमें मिलने की गारंटी देवें”.

पत्र में आगे लिखा है की “हमें दान नहीं दाम चाहिए, बस यही मांग लेकर हम देश की राजधानी दिल्ली में जाना चाहते है हम अपनी बात प्रधान मंत्री को सुनना चाहते हैं. लेकिन सरकार वार्ता करने का दिखावा कर रही है मगर हमारी सुन नहीं रही है.”

इसे भी पढ़ें:-

जानिए क्या है मोदी सरकार की पीएम वाणी योजना

Advertisement

By Sachin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *