वसीम रिजवी
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कुरान की 26 आयतों को हटाने के मामले में मौलानाओं की धमकियों को वसीम रिज़वी ने एक वीडियो जारी कर बड़ी निडरता और बेबाकी से दिया मुंह तोड़ जवाब.

देश के सर्वोच्च न्यायलय में शिया वक़्फ़ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन वसीम रिज़वी ने कुरान की 26 आयतों को हटाने की मांग करते हुए एक जनहित याचिका दायर की है, जिसके बाद से सभी कट्टरपंथी संस्थाओं में उनके खिलाफ़ बहुत जाराजगी देखने को मिली है. कुछ लोगों ने तो वसीम रिजवी का सर कलम करने वाले इन्सान को इनाम देने की भी घोषणा की है. इसके अलावा उनको अलग अलग मौलानाओं ने भी उनको जान से मारने की धमकियां दी हैं.

वसीम रिजवी का धमकियों को जवाब

शिया वक़्फ़ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन वसीम रिज़वी ने मौलानाओं की धमकियों का जवाब देते मंगलवार को एक वीडियो जारी किया, जिसमे वे कह रहे हैं की “हाथ हमारे पास भी हैं और गिरेबान तुम्हारे पास, लेकिन हम नहीं चाहते कि माहौल खराब हो”.

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बयान को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने कहा की “मौलाना कल्बे जव्वाद, टीले वाली मस्जिद के इमाम और सुन्नी धर्मगुरु अब्दुल वली फारुकी अपने गुंडे भेजकर शियों के घरों पर गली-गलौच और इबादतगाह में तोड़फोड़ और बदतमीजी करवा रहे हैं, वो सही नहीं है, आपको लखनऊ शहर का माहौल खराब करने की इजाज़त किसी ने नहीं दी है”.

एक से डेढ़ मिनट के वीडियो में रिजवी निरंतर बोलते हुए कहा की “मैंने अभिव्यक्ति की आज़ादी के तहत अपनी बात सुप्रीम कोर्ट में रखी है, जिसमें मौलाना कल्बे जव्वाद भी पार्टी हैं, वो चाहें तो अपनी बात सुप्रीम कोर्ट में रख सकते हैं लेकिन सड़कों पर माहौल खराब करना यह गैर जिम्मेदाराना हरकत है”.

वसीम रिजवी ने राम मंदिर के फैसले का स्वागत किया

नवंबर 2019 में सुप्रीम कोर्ट ने राम जन्मभूमि पर फैसला सुनाते हुए ‘राम मंदिर’ निर्माण का दिया, बता दें कोर्ट के इस निर्णय का स्वागत करते हुए रिजवी ने कहा की “न सिर्फ़ अयोध्या बल्कि मथुरा और काशी सहित उन सभी 11 मस्जिदों को हिन्दुओं को सौंप दी जानी चाहिए, जो मुग़ल बादशाहों ने मंदिर तोड़ कर बनवाए थे”. इस सूचि में दिल्ली की क़ुतुब मीनार परिसर में स्थित मस्जिद सहित गुजरात की मस्जिदें भी शामिल हैं.

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By Sachin

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