मौलाना

मौलाना जरजिस को वाराणसी की एक अदालत ने बला’त्कार के मामले में दोषी पाया और उसे 10 साल की कैद और 10 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कोर्ट में पेशी के दौरान आते हुए मौलाना जरजिस हंसते हुए और मुस्कुराते हुए अपने अधिवक्ता और अन्य लोगों से बातचीत करता हुआ। हालांकि सजा पर सुनवाई होने के बाद जैसे ही कोर्ट ने उसे 10 साल की सजा सुनाई तो उसके चेहरे से मुस्कुराहट गायब हो गई। वहीं, पास में ही कुर्सी पर मायूस होकर बैठ गया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे हिरासत में लिया और जिला जेल की ओर बढ़ गए। देखें वीडियो:-

क्या है पूरा मामला

जैतपुरा की रहने वाली महिला की साल 2013 में मौलाना जरजिस से मुलाकात हुई थी। धीरे-धीरे दोनों में नजदीकियाँ बढ़ीं। इसका फायदा उठाते हुए जरजिस ने महिला को शादी का झांसा देकर उसके साथ रे’प किया। कुछ दिनों तक ये सिलसिला लगातार चलता रहा। मौलाना शहर में जब भी तकरीर के लिए आता तो होटल में रुकता और महिला को वहीं बुला लेता था।

महिला को लगता था कि मौलाना उससे शादी कर लेगा और उसका घर बस जाएगा। हालाँकि, कुटिल मौलाना के मन में कुछ और ही चल रहा था, उसने महिला का अश्ली’ल वीडियो भी बना लिया था। महिला की शिकायत के अनुसार मौलाना 19 नवंबर 2015 को उसके घर आया और उसे कमरे में ले जाकर उसके साथ बला’त्कार किया। उसने महिला को देशभर में बदनाम करने की धमकी दी। इसके बाद 2015 में ही महिला ने मामले में जैतपुरा थाने में आरोपित के खिलाफ केस दर्ज कराया।

अब करीब साढ़े 6 साल के बाद पीड़िता के पक्ष में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने फैसला सुनाया। वाराणसी की फास्ट्र ट्रैक कोर्ट प्रथम नीरज कुमार ने दोषी मौलाना को 10 साल की कड़ी सजा के साथ ही 10,000 रुपए का जुर्माना भी सुनाया है। इस मामले में कोर्ट में पीड़िता के साथ ही चार अन्य गवाहों के बयानों को भी दर्ज किया गया। सजा मिलने से पहले बेशर्म हंसी हंस रहा मौलाना बाद में थोड़ा उदास नजर आया। हालाँकि, उसने इस फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती देने की बात कही है।

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